Thursday, March 19, 2009

मेरे जज़्बात से वाकिफ है मेरा कलाम फराज़

मेरे जज़्बात से वाकिफ है मेरा कलाम फराज़
मैं प्यार लिखूं तो नाम तेरा लिखा जाता है
--अहमद फराज़

8 comments:

  1. खूबसोरत शेर.........अहमद फराज का
    शुक्रिया

    ReplyDelete
  2. अच्‍छी शायरी, ब्‍लॉगजगत में आपका स्‍वागत है।

    ReplyDelete
  3. ब्‍लॉगजगत में आपका स्‍वागत है।

    ReplyDelete
  4. ब्लोगिंग जगत में स्वागत है
    लगातार लिखते रहने के लि‌ए शुभकामना‌एं
    कविता,गज़ल और शेर के लि‌ए मेरे ब्लोग पर स्वागत है ।
    http://www.rachanabharti.blogspot.com
    कहानी,लघुकथा एंव लेखों के लि‌ए मेरे दूसरे ब्लोग् पर स्वागत है
    http://www.swapnil98.blogspot.com
    रेखा चित्र एंव आर्ट के लि‌ए देखें
    http://chitrasansar.blogspot.com

    ReplyDelete
  5. बहुत सुंदर…..आपके इस सुंदर से चिटठे के साथ आपका ब्‍लाग जगत में स्‍वागत है…..आशा है , आप अपनी प्रतिभा से हिन्‍दी चिटठा जगत को समृद्ध करने और हिन्‍दी पाठको को ज्ञान बांटने के साथ साथ खुद भी सफलता प्राप्‍त करेंगे …..हमारी शुभकामनाएं आपके साथ हैं।

    ReplyDelete
  6. pyar me kabhee kabhee aisa ho jata hai, narayan narayan

    ReplyDelete
  7. चिट्ठाजगत में आपका स्वागत है .नियमित लिखते रहें इससे संवाद-संपर्क बना रहता है , ढेर सारी शुभकामनाएं !

    ReplyDelete
  8. यह अन्दाज भी अलग है-बधाई साहिब
    अगर कविता या गज़ल में रुचि हो तो मेरे ब्लॉग पर आएं
    http://gazalkbahane.blogspot.com/
    http:/katha-kavita.blogspot.com
    सस्नेह
    श्यामसखा‘श्याम’

    ReplyDelete